Advertisement |
रायपुर
जिन जिलों में सूखे की संभावित स्थिति दिख रही है वहां के जिला कलेक्टरों
को निर्देशित कर दिया गया है कि सर्वे करवाकर सूखे का आकलन कर रिपोर्ट
भेजें ताकि मुआवजा राशि के वितरण में किसी प्रकार का विलंब न हो। अभी जो
बारिश हो रही है उससे स्थिति में सुधार भी आ सकते हैं। फिर भी राज्य सरकार
पूरी तरह से गंभीर व सजग है।
जिला के प्रभारी व कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे ने मीडिया से चर्चा में सोमवार को कहा कि कुछ जिलों में जरूर सूखे की खबर आ रही है लेकिन पूरी तरह नहीं वहीं सभी जिलों में सूखा है ऐसा भी नहीं । अब जो बरसात हो रही है वह वरदान साबित हो रहा है इससे यहां पर पर भी स्थिति सुधर सकती है फिर भी जहां संभावित लग रहा है कि सूखा है जिला कलेक्टरों को सूक्ष्मता व तत्परता से सर्वे कराने कह दिया गया है। दर्जन भर जिलों में स्थिति सूखे की नजर आ रही है। इस बात पर भूपेश सरकार ने कैबिनेट में चर्चा की है और सभी जिले के कलेक्टरों को निर्देश भी जारी कर दिया गया है कि अभी से जिलों में सर्वे का काम शुरू कर दिया जाए, ताकि समय पर किसानों को अकाल और सूखत के बदले मुआवजा राशि का भुगतान करने में अड़चन की स्थिति का सामना ना करना पड़े।
चौबे ने गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी को हटाए जाने के संदर्भ में कहा कि उन्हें कोरोना काल में असफल होने की वजह से हटाया गया है। जबकि सही मायने में देश में जो अकाल मौत हुई है, उसकी जवाबदारी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की है और उन्हें हटाया जाना चाहिए। भाजपा को आड़े हाथ लेते हुए कहा कि छग में भाजपाईयों के पास सरकार के खिलाफ कोई मुद्दा नहीं है। उन्होंने भाजपा के सड़क पर उतरने के सवाल पर कहा कि भाजपा को बार—बार सड़क पर नहीं उतरना चाहिए, बल्कि उन्हें सड़क पर रहना चाहिए, क्योंकि भूपेश सरकार के खिलाफ उनके पास कोई विकल्प ही नहीं बचा है।
0 Comments: